सिंधिया को मिल सकती है केंद्र में जिम्मेदारी, जल्द होगा कैबिनेट का विस्तार

दिल्ली। उप्र मंत्रिमंडल में प्रस्तावित फेरबदल की संभावनाओं के बीच अब केंद्रीय मंत्रिमंडल में भी फेरबदल की खबर मिल रही है। सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार शुक्रवार को भाजपा अध्यक्ष जे.पी. नड्डा, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच 2 घंटे तक चली मैराथन बैठक के बाद ही ये निर्णय लिया गया है। फेरबदल के पीछे एक बड़ी वजह कांग्रेस छोड़ कर भाजपा में आये ज्योतिरादित्य सिंधिया की बेरोजगारी और उप्र के कुछ महत्वपूर्ण दिग्गजों को केन्द्र में समायोजित किया जाना है जिसके बाद ही समझा जा रहा है कि उप्र मंत्रिमंडल विस्तार की रुपरेखा तैयार हो पाएगी। ऐसी खबरें मिल रही थीं कि सिंधिया शिवराज सरकार में दखलंदाज़ी कर रहे हैं जिससे शिवराज असंतुष्ट हैं और स्वयं सिंधिया भी जल्द से जल्द केंद्र में कोई महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभालना चाहते हैं। केन्द्र में भी कुछ मंत्रियों की परफार्मेंस से मोदी सरकार खुश नहीं है और उन्हें बाहर किया जा सकता है।

 

 

मंत्रियों के परफॉर्मेंश से नाराज हैं पीएम

प्रधानमंत्री मोदी पिछले कुछ दिनों से अलग-अलग समूहों में अपने मंत्रियों के साथ भी बैठकें कर चुके हैं। इनमें वे सभी मंत्रियों से उनके मंत्रालय द्वारा पिछले दो साल में किए कामकाज की जानकारी ले रहे हैं। बैठक में संगठन महामंत्री बीएल संतोष भी शामिल हुए हैं। इनमें कई मंत्रियों ने अपने काम का प्रजेंटेशन भी दिया है। एक और तथ्य ये भी है कि दोबारा प्रधानमंत्री बनने के बाद मोदी ने मंत्रिपरिषद में कोई बदलाव नहीं किया है। इसके अतिरिक्त केन्द्र में ऐसे भी अनेक मंत्री हैं जिन पर अनेक विभागों का भार है और इससे सरकार की कार्यक्षमता प्रभावित हो रही है। जैसे रेल मंत्री पीयूष गोयल के पास वाणिज्य, रेल मंत्रालय के अलावा उपभोक्ता मंत्रालय तो

सूचना एवं प्रसारण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर के पास पर्यावरण के साथ भारी उद्योग मंत्रालय,

कृषि, पंचायती राज, ग्रामीण विकास मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर के पास खाद्य प्रसंस्करण के अतिरिक्त प्रभार हैं।

आयुष मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार खेल एवं युवा मामलों के मंत्री किरेन रिजिजू संभाल रहे हैं। मोदी की टीम में 59 मंत्री हैं।

 

यह भी देखिए – इंदौर हुआ पूरा अनलॉक, जिम को भी मिली छूट

 

जल्द होगा कैबिनेट का विस्तार

कोरोना की वजह से मंत्रिमंडल विस्तार की स्थितियां नहीं बन पाई थीं जिससे स्थितियां असहज हो रहीं हैं। अब टीम में फेरबदल की तैयारी की जा रही है। फिलहाल मोदी की टीम में उनके अलावा 21 कैबिनेट और 9 राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार और 29 राज्य मंत्री हैं।

खबर मिल रही है कि ज्योतिरादित्य को समायोजित करने के साथ मंत्रिपरिषद के फेरबदल और विस्तार में असम के पूर्व मुख्यमंत्री सर्वानंद सोनोवाल, बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी, बैजयंती पांडा को शामिल किया जा सकता है। अपना दल के अलावा नीतिश कुमार के जनता दल यूनाइटेड से भी कुछ लोगों को भी लिया जा सकता है।

 

Related posts

Leave a Comment